ट्रंप की धमकी के बाद मोजतबा ख़ामेनेई का आया संदेश, ‘ख़ून का बदला’ लेने की कही बात

ट्रंप की धमकी के बाद मोजतबा ख़ामेनेई का आया संदेश, ‘ख़ून का बदला’ लेने की कही बात

मोजतबा ख़ामेनेई

इमेज स्रोत, AFP via Getty Images

इमेज कैप्शन, मोजतबा ख़ामेनेई जंग के शुरू होने के बाद से सार्वजनिक रूप से दिखाई नहीं दिए हैं

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से ईरानी सरकार को चेतावनी देने के कुछ घंटे बाद ही ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा ख़ामेनेई ने एक लिखित संदेश में कहा है कि उनके पिता का ‘बदला’ लिया जाना चाहिए.

ट्रंप ने कहा था कि अगर ईरान ने अमेरिकी राष्ट्रपति की हत्या करने के अपने वादे को पूरा किया तो वो ईरान पर ‘हज़ारों मिसाइलें’ दाग दें.

इसके बाद मोजतबा ख़ामेनेई के नाम से एक लिखित संदेश जारी हुआ जिसमें ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई के अंतिम संस्कार में शामिल होने वालों का शुक्रिया अदा किया गया है.

गुरुवार को मशहद में अली ख़ामेनेई को दफ़नाने के साथ ही एक हफ़्ते तक चले अंतिम विदाई कार्यक्रम का समापन हुआ.

हालांकि ट्रंप ने कहा था कि अंतिम विदाई कार्यक्रम तक एमओयू पर बातचीत को रोक दिया गया है. लेकिन कार्यक्रम समाप्त होने के दो दिन पहले ही अमेरिका और ईरान के बीच भारी गोलाबारी हुई और मिसाइलें दागी गईं.

मोजतबा ख़ामेनेई ने अपने संदेश में क्या कहा

मोजतबा ख़ामेनेई

इमेज स्रोत, Tasnim

इमेज कैप्शन, जंग के बाद से ही मोजतबा ख़ामेनेई का कोई ऑडियो या वीडियो संदेश जारी नहीं हुआ है

मोजतबा ख़ामेनेई के संदेश में कहा गया है, “हम आपके पाक ख़ून और इन दोनों युद्धों के सभी शहीदों के ख़ून का बदला इन अपराधी और बदनाम हत्यारों से लेने का संकल्प लेते हैं. यह बदला हमारे राष्ट्र की इच्छा है और इसे हर हाल में पूरा किया जाएगा.”

बीबीसी फ़ारसी के मुताबिक़, ऐसा लगता है कि यह संदेश तैयार किए जाने के दो दिन बाद मीडिया में प्रकाशित किया गया.

इस संदेश पर 8 जुलाई की तारीख़ दर्ज है, जब ईरान के पूर्व नेता को अंतिम विदाई देने का कार्यक्रम चल रहा था.

ईरान के नए नेता के नाम से जारी ताज़ा संदेश में कहा गया है, “इन अपराधियों की पूरी सूची हमारे पास दर्ज है. ये बिस्तर में शांति से मरने की अपनी इच्छा को अपने साथ क़ब्र में लेकर जाएंगे. उन्हें यह जान लेना चाहिए कि यह मुझ पर या दूसरे अधिकारियों पर निर्भर नहीं करता.”

“हम रहें या न रहें, यह हर हाल में पूरा किया जाएगा और बहुत जल्द दुनिया के आज़ाद लोग इस ईश्वरीय मिशन का अपना-अपना हिस्सा पूरा करेंगे.”

अपने पिता की हत्या के बाद उनके उत्तराधिकारी बने मोजतबा ख़ामेनेई अब तक सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए हैं.

उन्होंने कोई वीडियो या ऑडियो संदेश भी जारी नहीं किया है और अब तक उनके नाम से सिर्फ़ लिखित संदेश ही प्रकाशित हुए हैं.

बदला लेने का बयान ऐसे समय आया है जब इससे कुछ घंटे पहले ही ट्रंप ने ईरान की सरकार को चेतावनी दी थी कि अगर वह उनके ख़िलाफ़ कोई कार्रवाई करती है या उनकी हत्या की कोशिश करती है, तो अमेरिका ईरान पर बड़े पैमाने पर हमले करेगा.

‘1000 मिसाइलें तैयार हैं’

ट्रंप

इमेज स्रोत, AFP via Getty Images

इमेज कैप्शन, ट्रंप की टिप्पणी तब आई जब इसराइली ख़ुफ़िया एजेंसी की ओर से डोनाल्ड ट्रंप की हत्या की एक नई साज़िश की कथित रिपोर्टें आईं

डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा, “एक हज़ार मिसाइलें तैयार हैं और उनका निशाना इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ़ ईरान है. अगर अमेरिकी राष्ट्रपति की हत्या करने की ईरानी सरकार की धमकी पर अमल हुआ, तो तुरंत हज़ारों और मिसाइलें दाग दी जाएंगी.”

ट्रंप ने यह भी लिखा कि ज़रूरी आदेश जारी कर दिए गए हैं और अमेरिकी सेना एक साल तक, ज़रूरत पड़ने पर उससे भी ज़्यादा समय तक, ईरान के सभी इलाक़ों को ‘पूरी तरह तबाह’ करने के लिए तैयार है.

यह चेतावनी उस समय सामने आई जब इसराइली ख़ुफ़िया एजेंसी की ओर से डोनाल्ड ट्रंप की हत्या की ईरान से जुड़ी एक नई साज़िश की कथित रिपोर्टें सामने आईं.

साथ ही अली ख़ामेनेई के अंतिम संस्कार से जुड़ी तस्वीरें और नारे भी सामने आए.

समारोह के दौरान कुछ लोगों ने अमेरिकी राष्ट्रपति के ख़िलाफ़ तख्तियां ले रखी थीं और नारे लगाए थे. कार्यक्रम के एक हिस्से में अमेरिकी राष्ट्रपति की तस्वीरों पर पत्थर भी फेंके गए.

ईरानी अधिकारियों ने पहले भी ट्रंप की हत्या की साज़िश रचने के आरोपों से इनकार किया है.

इससे पहले शुक्रवार को ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर युद्ध विराम ख़त्म होने का एलान किया था.

उन्होंने लिखा, “ईरान ने हमसे ‘बातचीत’ जारी रखने का अनुरोध किया है. हमने इसके लिए सहमति दे दी है, लेकिन अमेरिका ने उन्हें बिना किसी स्पष्टता के साफ़ शब्दों में बता दिया है कि युद्धविराम अब ख़त्म हो चुका है.”

इसराइल ने ‘हत्या की योजना’ की जानकारी दी थी

ट्रंप, ईरान

इमेज स्रोत, Tasnim

इमेज कैप्शन, आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई के अंतिम संस्कार के दौरान कुछ लोगों ने ट्रंप के ख़िलाफ़ प्लेकार्ड ले रखा था और उनके ख़िलाफ़ नारे लगाए थे

द वॉल स्ट्रीट जर्नल ने हाल ही में एक रिपोर्ट प्रकाशित की थी कि इसराइल ने अमेरिका को ऐसी जानकारी दी है, जिससे संकेत मिलता है कि ईरान डोनाल्ड ट्रंप की हत्या की एक नई योजना पर विचार कर रहा था.

हाल के दिनों में, नेटो नेताओं की बैठक में शामिल होने के लिए तुर्की की यात्रा के दौरान भी, ट्रंप ने कई बार सार्वजनिक रूप से अपने ख़िलाफ़ जान से मारने की धमकियों का ज़िक्र किया.

उन्होंने कहा, “वे अमेरिका के नेता यानी मुझे ख़त्म करना चाहते हैं… उनकी हर सूची में मेरा नाम है.”

बीती फ़रवरी में अमेरिका-इसराइल और ईरान के बीच युद्ध के पहले दिन ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई की मौत के बाद से ‘बदला’ और ‘समझौता’ ईरानी राजनीति में विवाद का विषय बने हुए हैं.

एक्सपीडिएंसी डिसर्नमेंट काउंसिल के सदस्य सईद जलीली ने नौ जुलाई को मशहद स्थित इमाम रज़ा दरगाह में जुमे की नमाज़ से पहले दिए गए भाषण में कहा था, “बदला लेना राष्ट्र का अधिकार और अधिकारियों का कर्तव्य है.”

बीते बुधवार को इज़्ज़तुल्लाह ज़रग़ामी ने तुर्की में अमेरिकी राष्ट्रपति की मौजूदगी का ज़िक्र करते हुए दावा किया कि डोनाल्ड ट्रंप ‘बदला लेने की पहुंच में थे’, लेकिन पड़ोसी देशों के साथ दोस्ती और अच्छे संबंध बनाए रखने के कारण ईरान ने उन्हें निशाना नहीं बनाया.

बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित.

Source link
#टरप #क #धमक #क #बद #मजतब #खमनई #क #आय #सदश #खन #क #बदल #लन #क #कह #बत

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *