जनपद पंचायत की सामान्य सभा बैठक का बहिष्कार:  उपाध्यक्ष समेत 12 सदस्यों ने सीईओ को सौंपा पत्र ; आमरण अनशन की चेतावनी – Rewa News

जनपद पंचायत की सामान्य सभा बैठक का बहिष्कार: उपाध्यक्ष समेत 12 सदस्यों ने सीईओ को सौंपा पत्र ; आमरण अनशन की चेतावनी – Rewa News

जनपद पंचायत की सामान्य सभा बैठक का बहिष्कार:  उपाध्यक्ष समेत 12 सदस्यों ने सीईओ को सौंपा पत्र ; आमरण अनशन की चेतावनी – Rewa News


रीवा में जनपद पंचायत की सामान्य सभा और सामान्य प्रशासन समिति की बैठक को लेकर उपाध्यक्ष समेत 12 सदस्यों ने मोर्चा खोल दिया है। 12 सितंबर को होने वाली बैठक के बहिष्कार का ऐलान करते हुए सदस्यों ने जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को पत्र सौंपा है। पत्र में बैठक की सूचना, पिछले 4 वर्षों के आय-व्यय की जानकारी और बजट को लेकर सवाल उठाए गए हैं। साथ ही जिला पंचायत अध्यक्ष संगीता यादव के पति पर बैठक में अनधिकृत रूप से शामिल होने और सदस्यों व अधिकारियों-कर्मचारियों को निर्देश देने के आरोप लगाए गए हैं। जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को दिए पत्र में सदस्यों ने कहा है कि 9 सितंबर 2026 की बैठक का एजेंडा जारी किया गया है, जबकि एजेंडा पर हस्ताक्षर 8 सितंबर को किए गए। सदस्यों का दावा है कि बैठक का एजेंडा निर्धारित समय से 7 दिन पहले जारी किया जाना चाहिए था। सदस्यों को एजेंडा नहीं देने का आरोप
पत्र में कहा गया है कि एजेंडा की प्रति जनपद पंचायत के किसी सदस्य और उपाध्यक्ष को लिखित रूप से नहीं दी गई। सदस्यों ने पंचायत के वर्ष 2022-23, 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के पिछले 4 वर्षों के आय-व्यय से जुड़ी जानकारी भी मांगी है। आरोप है कि कई सदस्यों को यह जानकारी नहीं दी गई और जानकारी मांगने पर हर बैठक में टालमटोल की जाती है। बजट पर भी उठाए सवाल
सदस्यों ने पत्र में जनपद पंचायत के सभी सदस्यों के अधिकारों से जुड़े मामले का भी उल्लेख किया है। इसमें कहा गया है कि मामला जबलपुर हाईकोर्ट में लंबित है। पत्र में याचिका क्रमांक डब्ल्यू.पी. नंबर 29033/2026 का उल्लेख करते हुए कहा गया है कि 2026-27 का बजट सदस्यों के अनुमोदन के बिना पारित नहीं किया जाए। अध्यक्ष के पति पर बैठक में दखल का आरोप
सबसे गंभीर आरोप जनपद पंचायत अध्यक्ष संगीता यादव के पति को लेकर लगाए गए हैं। सदस्यों ने आरोप लगाया है कि अध्यक्ष के पति अनधिकृत और अवैध रूप से बैठकों में भाग लेते हैं। इतना ही नहीं, वे जनपद पंचायत सदस्यों, कर्मचारियों और अधिकारियों को निर्देश देते हैं। पत्र में कहा गया है कि इसी वजह से सदस्य बैठक का संयुक्त रूप से बहिष्कार कर रहे हैं। संगीता यादव बोलीं- मेरे पति सांसद प्रतिनिधि
जनपद पंचायत अध्यक्ष संगीता यादव ने सदस्यों के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उनके पति सांसद प्रतिनिधि हैं और इसी नाते बैठकों में शामिल होते हैं। उन्होंने कहा, मेरे पति सांसद प्रतिनिधि हैं और इस नाते मीटिंग में शामिल होते हैं। वो कभी अनावश्यक हस्तक्षेप नहीं करते। विपक्ष तो हस्तक्षेप करेगा ही। उन्होंने कहा कि बैठक में शामिल होना और अनावश्यक हस्तक्षेप करना अलग-अलग बातें हैं। उनके पति अपनी जिम्मेदारी के तहत बैठक में शामिल होते हैं, लेकिन किसी अधिकारी या सदस्य के काम में अनावश्यक दखल नहीं देते। सदस्यों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों को 7 दिन के भीतर नहीं माना गया तो वे जनपद पंचायत कार्यालय में आमरण अनशन शुरू करेंगे। इसकी पूरी जवाबदारी संबंधित अधिकारी की होने की बात पत्र में कही गई है। पत्र पर जनपद पंचायत उपाध्यक्ष सुनीता द्विवेदी सहित 12 सदस्यों के नाम दर्ज हैं। इनमें रामानुज कोल, महाकाल मिश्रा, सूर्यवती रजक, अनु चौरसिया, अर्चना शुक्ला, श्रवण कुमार मिश्रा, पुष्पा कोल, शोभामणि पटेल, ऊषा कोल, ममता सिंह पटेल, रूपा सिंह और अर्चना सिंह शामिल हैं। पत्र की प्रति संभागायुक्त रीवा और कलेक्टर रीवा को भी आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई है।

Source link
#जनपद #पचयत #क #समनय #सभ #बठक #क #बहषकर #उपधयकष #समत #सदसय #न #सईओ #क #सप #पतर #आमरण #अनशन #क #चतवन #Rewa #News

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *