आईटीबीपी के 136 हिमवीरों को महानिदेशक सम्मान:2500 से अधिक शिकायतें सुलझीं, 299 नए आवासों का निर्माण पूरा – Itbp Honours 136 Himveers, Resolves Over 2,500 Personnel Grievances And Completes 299 Houses

आईटीबीपी के 136 हिमवीरों को महानिदेशक सम्मान:2500 से अधिक शिकायतें सुलझीं, 299 नए आवासों का निर्माण पूरा – Itbp Honours 136 Himveers, Resolves Over 2,500 Personnel Grievances And Completes 299 Houses

भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) ने अपने जवानों की बहादुरी और उत्कृष्ट सेवाओं को सम्मानित करने के साथ उनके कल्याण से जुड़ी उपलब्धियां भी साझा की हैं। राजस्थान के अलवर स्थित केंद्रीय प्रशिक्षण महाविद्यालय में गुरुवार को आयोजित ‘हिमवीर सम्मान समारोह’ में बल के महानिदेशक शत्रुजीत कपूर ने 136 कार्मिकों को सम्मानित किया। इस दौरान बताया गया कि इस साल 2,500 से अधिक हिमवीरों की शिकायतों का समाधान किया गया है और 299 नए आवासों का निर्माण भी पूरा हो चुका है। बल ने जवानों के प्रशिक्षण, स्वास्थ्य, सुविधाओं और परिवारों के कल्याण को प्राथमिकता देने की बात कही।

कितने हिमवीरों को मिला सम्मान और किस काम के लिए किया गया सम्मानित?

समारोह में महानिदेशक शत्रुजीत कपूर ने साहस, समर्पण और उत्कृष्ट सेवा के लिए 136 कार्मिकों को सम्मान प्रदान किए। इनमें 10 कार्मिकों को ‘महानिदेशक रजत स्मृति चिह्न’ और 126 को ‘महानिदेशक प्रशस्ति पत्र’ दिया गया। प्रशस्ति पत्र पाने वालों में इंजीनियरिंग एवं पायनियर शाखा के 12 कार्मिक भी शामिल हैं। हिमवीरों से संवाद करते हुए महानिदेशक ने उनके काम की सराहना की। उन्होंने कहा कि आईटीबीपी के जवान दुर्गम हिमालयी सीमाओं की सुरक्षा से लेकर आंतरिक सुरक्षा और आपदा के समय राहत एवं बचाव कार्यों तक कठिन परिस्थितियों में जिम्मेदारी निभाते हैं। उन्होंने जवानों के साहस और कर्तव्यनिष्ठा को बल की ताकत बताया।

आईटीबीपी के 136 हिमवीरों को महानिदेशक सम्मान:2500 से अधिक शिकायतें सुलझीं, 299 नए आवासों का निर्माण पूरा – Itbp Honours 136 Himveers, Resolves Over 2,500 Personnel Grievances And Completes 299 Houses


जवानों की 2,500 से अधिक शिकायतों का समाधान कैसे हुआ?

महानिदेशक ने कार्मिक कल्याण से जुड़ी उपलब्धियों की जानकारी देते हुए बताया कि इस साल 2,500 से अधिक हिमवीरों की शिकायतों का त्वरित समाधान किया गया है। इसके साथ ही 299 नए आवासों का निर्माण पूरा हो चुका है। अग्रिम चौकियों पर तैनात जवानों को बेहतर गुणवत्ता वाले कपड़े, आधुनिक उपकरण और जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रयास भी जारी हैं। महानिदेशक ने कहा कि जवानों का मनोबल, प्रशिक्षण, स्वास्थ्य और कल्याण संगठन की वास्तविक शक्ति हैं। बदलती सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए आधुनिक प्रशिक्षण, तकनीकी दक्षता और जवानों की क्षमता बढ़ाने पर भी ध्यान दिया जा रहा है।

हिमवीरों और उनके परिवारों के लिए कौन-सी सुविधाएं दी जा रही हैं?

महानिदेशक ने कहा कि जवानों के साथ उनके परिवारों का कल्याण भी संगठन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। आयुष्मान सीएपीएफ योजना के तहत कार्मिकों और उनके परिजनों को चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसके अलावा, हिमवीर वाइव्स वेलफेयर एसोसिएशन (हावा) जरूरतमंद परिवारों की मदद कर रही है। इसके तहत दिव्यांग बच्चों को व्हीलचेयर, चिकित्सा और शिक्षा से जुड़े उपकरण तथा आर्थिक सहायता दी जा रही है। खेलों में अच्छा प्रदर्शन करने वाले हिमवीरों के बच्चों को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। बल ने शहीद जवानों के परिवारों की देखभाल और उनकी समस्याओं का समय पर समाधान करने की प्रतिबद्धता भी दोहराई।

आईटीबीपी को आधुनिक और तकनीक-सक्षम बल बनाने की क्या योजना है?

महानिदेशक ने सम्मानित कार्मिकों को पूरे बल के लिए प्रेरणास्रोत बताया। उन्होंने कहा कि आईटीबीपी को आधुनिक, आत्मनिर्भर और तकनीक-सक्षम बल के रूप में विकसित करना लक्ष्य है। इसके लिए जवानों को बेहतर प्रशिक्षण देने, तकनीकी क्षमता बढ़ाने और सुरक्षा संबंधी बदलती जरूरतों के अनुरूप तैयार करने पर जोर दिया जा रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि हिमवीर ‘शौर्य, दृढ़ता और कर्तव्यनिष्ठा’ के आदर्शों पर चलते हुए देश की सेवा की परंपरा को आगे बढ़ाते रहेंगे। समारोह में अपर महानिदेशक (मुख्यालय) संजय गुंज्याल के साथ बल के वरिष्ठ अधिकारी, अधीनस्थ अधिकारी और हिमवीर भी मौजूद रहे।

Source link
#आईटबप #क #हमवर #क #महनदशक #सममन2500 #स #अधक #शकयत #सलझ #नए #आवस #क #नरमण #पर #Itbp #Honours #Himveers #Resolves #Personnel #Grievances #Completes #Houses

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *