शहर में एक बड़ा हादसा टल गया। इंदौर के गांधी नगर इलाके में शनिवार रात मल्टी के एक मकान की जमीन अचानक धंस गई। इस समय घर में परिवार सो रहा था। घटना के ब…और पढ़ें

HighLights
- सोते परिवार के नीचे धंसी मल्टी की जमीन
- मल्टी के एक मकान की जमीन अचानक धंस गई
- घटना के बाद परिवार घबरा गया और तत्काल बाहर निकला
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर : जवाहरलाल नेहरू राष्ट्रीय शहरी नवीकरण मिशन (जेएनएनयूआरएम) के तहत 15 साल पहले गांधी नगर क्षेत्र में बनी मल्टियां जीर्णशीर्ण हो गई हैं। शनिवार रात इन्हीं मल्टियों में से एक की जमीन अचानक धंस गई। उस वक्त कन्हैया का परिवार फ्लैट में सो रहा था।
अचानक जमीन धंसने से वे लोग घबरा गए और फ्लैट से बाहर निकल गए। जमीन एक से दो दो फीट नीचे तक धंस गई है। सूचना मिलते ही प्रभारी महापौर राजेंद्र राठौर, एमआइसी सदस्य अश्वीनी शुक्ला निगम के अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे। प्रभारी महापौर ने मामले की जांच और सुधार कार्य के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्टत: दिख रहा है कि निर्माण में लापरवाही हुई है।
जेएनएनयूआरएम के तहत बनी इन मल्टियों की हालत अत्यंत खराब हो गई हैं
जेएनएनयूआरएम के तहत शहर में वर्ष 2010 में गांधी नगर क्षेत्र में मल्टियां बनाई गई थीं। ये मल्टियां गांधी नगर पेट्रोल पंप के पास हैं। वर्ष 2015 में सीपी शेखर नगर बस्ती से विस्थापित हुए परिवारों को यहां बसाया गया था। वर्तमान में यहां करीब 1300 परिवार रह रहे हैं। इन्हीं में से एक मल्टी के फ्लैट में रह रहे कन्हैया पुत्र सुनील ने बताया कि शनिवार रात अचानक धमक हुई। उन्होंने लाइट चालू की तो घर की टाइल्स नीचे धंसी हुई थीं। लगा जैसे भूकंप आ गया है। वे घबराकर परिवार के साथ बाहर निकल गए।
रहने लायक ही नहीं बची मल्टियां
जेएनएनयूआरएम के तहत 15 साल पहले बनी इन मल्टियों की हालत अत्यंत जर्जर है। हालत इतने खराब हैं कि मल्टियों में प्लास्टर पूरी तरह से उखड़ चुका है। छतों के सरिए दिख रहे हैं। डेढ दशक में मल्टियों की हालत ऐसे हो गई हैं कि सुधार की गुंजाइश तक नहीं बची। ऐसे में निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं। प्रभारी महापौर राठौर ने रविवार को मल्टियों का निरीक्षण करने के बाद स्लैब डालने का निर्देश दिया।
इतनी जल्दी कैसे खराब हो गई मल्टी
प्रभारी महापौर ने कहा कि मल्टियों को देखकर स्पष्ट है कि सालों से इनका रखरखाव नहीं हुआ है। हालांकि नगर निगम ने सालों पहले इन मल्टियों को रहवासी संघ को हैंडओवर कर दिया था। सवाल तो यह है कि आखिर मल्टी सिर्फ 15 साल में ही जीर्णशीर्ण कैसे हो गई।
जांच कराएंगे, जिम्मेदारों पर कार्रवाई करेंगे
जेएनएनयूआरएम के तहत बनी मल्टियों की हालत अत्यंत खराब है। मैंने रविवार को दौरा कर सुधार के निर्देश दिए हैं। महापौर पुष्यमित्र भार्गव के अमेरिका से लौटने के बाद इस प्रोजेक्ट की मल्टियों के सुधार के बारे में योजना बनाएंगे। घटिया निर्माण को लेकर जांच कराएंगे। जो भी जिम्मेदार होंगे उनके खिलाफ कार्रवाई करेंगे। -राजेंद्र राठौर, प्रभारी महापौर इंदौर
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