Awarapan Songs-इमरान हाशमी की फिल्म ‘आवारापन’ के गाने ‘तो फिर आओ’, ‘तेरा मेरा रिश्ता पुराना’ इस गीतकार ने लिखे थे। एक ऐसा गीतकार जिसने इमरान के करियर के सबसे हिट गाने लिखे। पहचानिए इसे।
इमरान हाशमी अपनी फिल्म ‘आवारापन 2’ के लिए खबरों में बने हुए हैं। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर धमाका कर रही है। इस फिल्म में पिछली फिल्म ‘आवारापन’ के कुछ सीन और पुराने गानों का इस्तेमाल किया गया है। इमरान जब स्क्रीन पर आते हैं तो बैकग्राउंड में गाना बजता है ‘तो फिर आओ’ बजने लगता है। फिल्म में ‘तेरा मेरा रिश्ता पुराना’ भी सुनाई देता है। लेकिन क्या आप जानते हैं ये गाने आखिर किसने लिखे थे? 19 साला बाद भी गाने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। जानिए इन गानों को लिखने वाले गीतकार के बारे में।
आवारापन के गानों ने छोड़ी छाप
साल 2007 में इमरान हाशमी की फिल्म ‘आवारापन‘ रिलीज हुई थी। ये फिल्म तो बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप हो गई लेकिन इसके गाने कल्ट बन गए। फिल्म के गाने ‘तो फिर आओ’, ‘तेरा मेरा रिश्ता पुराना’ ने गहरी छाप छोड़ी। जब ये गाने बजते तो एक्टर का रोता हुआ दिल, अपने से बिछड़न की तड़प स्क्रीन पर नजर आती। ये गाने ऐसे समय पर लोगों के जहन में बसे जब सोशल मीडिया और रील्स का कल्चर नहीं था। फिल्म में जब ये गाने इमरान हाशमी पर फिल्माए गए, जब कब्र पर एक्टर रोते हुए गाने के लिए लिप्सिंग करते हैं तो ऐसा लगता है वो खुद इन गानों को जी रहे हैं। फिल्म के इन गानों को सईद कादरी ने लिखा था। पाकिस्तानी सिंगर मुस्तफा जाहिद ने गाया था।
सईद कादरी के लिखे हुए गाने
गुलजार, जावेद अख्तर जैसे पॉपुलर गीतकारों के बीच आप शायद सईद कादरी के नाम को उतना मशहूर नहीं समझेंगे। लेकिन जब आप इनके लिखे गानों को सुनेंगे तो हैरान हो जाएंगे। सईद कादरी ने इमरान हाशमी पर फिल्माए अधिकतर हिट गाने लिखे। वो सईद ही थे जिन्होंने लिखा,’वो लम्हें वो बातें’, फिल्म अनवर का गाना ‘मौला मेरे मौला’, मर्डर 2 का गाना ‘फिर मोहब्बत करने चला है दिल’, फिल्म हमारी अधूरी कहानी का गाना ‘हमनवा’, मर्डर का गाना ‘भीगे होंठ तेरे’ जैसे यादगार गाने लिखे।
पाकिस्तानी सिंगर ने गाए इमरान के लिए ये गाने
फिल्म आवारापन के गाने भी सईद ने ही लिखे हैं। इन गानों को पाकिस्तानी सिंगर मुस्तफा जाहिद ने 19 साल पहले गाया था। हाल में मुस्तफा ने एक इंटरव्यू में बताया कि फिल्म का गाना ‘तो फिर आओ’ की पहली लाइन उन्होंने ही लिखी थी। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने ये लाइन अपने दोस्तों को सुनाई तो वो खुश नहीं थे। लेकिन उन्हें यकीन था कि अपने को वापस पाने की तड़प कैसी होती है। उस सिचुएशन पर ये लाइन सटीक बैठती थी। 19 साल बाद भी ये गाने चर्चाओं में बने हुए हैं। आज की जेन-जी ऑडियंस को भी ये गाने पसंद आ रहे हैं।

