नेपाल में फंसे मध्य प्रदेश के लोगों की मदद के लिए दिल्ली में कंट्रोल रूम, हेल्पलाइन नंबर जारी

नेपाल में फंसे मध्य प्रदेश के लोगों की मदद के लिए दिल्ली में कंट्रोल रूम, हेल्पलाइन नंबर जारी

नेपाल में आई बाढ़ ने जमकर ताड़व मचाया हैं। इस त्रासदी में सैकड़ों लोगों की जान चली गई और कई लापता हैं। नेपाल में भारत के अलग-अलग राज्यों से गए लोग फंस गए हैं। इनमें मध्य प्रदेश के भी कई लोग शामिल हैं। इस आपदा और संकट की स्थिति को देखते हुए मध्य प्रदेश सरकार ने वहां फंसे प्रदेशवासियों की मदद के लिए नई दिल्ली स्थित मध्य प्रदेश भवन में कंट्रोल रूम स्थापित किया है। कंट्रोल रूम के जरिए नेपाल में प्रभावित मध्य प्रदेश के नागरिकों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।


ये भी पढ़ें-  मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड की बड़ी कार्रवाई: भोपाल में इज्तेमा बाजार मामले में FIR और 28.91 करोड़ की रिकवरी के आदेश

सीएम मोहन यादव ने दु:ख व्यक्त किया 

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने नेपाल त्रासदी पर दुख व्यक्त किया है। इस त्रासदी के बीच मध्यप्रदेश के कई निवासी भी वहां फंसे हुए हैं। सीएम डॉ. यादव का कहना है कि राज्य सरकार संकट के समय अपने नागरिकों के साथ खड़ी है। सरकार जनता के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। इसलिए सरकार ने जनता की सुविधा के लिए हर संभव व्यवस्था की है।  

ये भी पढ़ें- MP News: विजय शाह मामले में विवेक तन्खा बोले- मंत्री-पूर्व मंत्री के अभियोजन पर सरकार नहीं ले सकती कोई फैसला

दिल्ली में कंट्रोल रूम बनाया 

सरकार की ओर से सहायता और जानकारी के लिए हेल्पलाइन नंबर- 011-26772005, वाट्सएप नंबर-9818963273 और ई-मेल आईडी-recp1mpbhawan@mp.gov.in  जारी की गई है। मध्य प्रदेश के नागरिक या उनके परिजन इन माध्यमों से संपर्क कर सहायता या जानकारी ले सकते हैं। बता दें नेपाल में बुधवार सुबह अचानक आई बाढ़ से सैकड़ों लोगों की अब तक मृत्यु हो गई और कई लापता हैं। इसमें भारत से मानसरोवर यात्रा और नेपाल घुमने गए नागरिक शामिल हैं। नेपाल में मध्य प्रदेश के भी लोगों के फंसे होने की जानकारी सामने आई है। हालांकि अभी उनकी संख्या को लेकर कोई आकड़ा नहीं आया है।  

Source link
#नपल #म #फस #मधय #परदश #क #लग #क #मदद #क #लए #दलल #म #कटरल #रम #हलपलइन #नबर #जर

Comments

No comments yet. Why don’t you start the discussion?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *