Ticket Cancel:स्लीपर, थर्ड एसी और सेकंड एसी का टिकट कैंसिल कराने पर रेलवे कितना पैसा काटता है? जानिए नियम – Railway Refund Rules: Flat Cancellation Charges And New Slabs For Sleeper, 3ac, And 2ac Confirmed Tickets
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Confirmed Ticket Cancellation Policy: भारतीय रेलवे से हर दिन करोड़ों लोग सफर करते हैं, लेकिन कई बार अचानक प्लान बदलने या किसी आपातकालीन स्थिति के कारण हमें अपना कन्फर्म ट्रेन टिकट कैंसिल कराना पड़ जाता है। टिकट कैंसिल कराते समय बहुत से आम यात्रियों के मन में यह उलझन रहती है कि उनके स्लीपर (SL), थर्ड एसी (3AC) या सेकंड एसी (2AC) के टिकट से रेलवे कितने रुपये काटेगा।
आपको बता दें कि रेलवे के नियमों के मुताबिक, कैंसिलेशन चार्ज पूरी तरह से इस बात पर निर्भर करता है कि आपका टिकट किस क्लास का है और आप ट्रेन छूटने से कितने समय पहले उसे कैंसिल कर रहे हैं। आइए इस लेख में समझते हैं कि अलग-अलग कोच के लिए रेलवे के कैंसिलेशन और रिफंड के नियम क्या हैं, ताकि आपका नुकसान कम से कम हो।
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ट्रेन छूटने से 72 घंटे पहले कैंसिल करने पर फ्लैट चार्ज
– फोटो : Adobe Stock
ट्रेन छूटने से 72 घंटे पहले कैंसिल करने पर फ्लैट चार्ज
अगर आप ट्रेन के निर्धारित प्रस्थान समय से 72 घंटे (3 दिन) से पहले अपना कन्फर्म टिकट कैंसिल करते हैं, तो रेलवे आपसे केवल एक न्यूनतम तय शुल्क वसूलता है। इस नियम के तहत प्रति यात्री सेकंड एसी के लिए 200 रुपये, थर्ड एसी के लिए 180 रुपये और स्लीपर क्लास के लिए 120 रुपये का फ्लैट चार्ज काटा जाता है, और बाकी का पूरा पैसा रिफंड कर दिया जाता है।
बता दें कि पहले ये छूट 48 घंटे पहले तक के लिए था, लेकिन 1 अप्रैल को इसे बढ़ाकर 72 घंटे कर दिया गया, जिसको लेकर अक्सर लोग कंफ्यूज रहते हैं। मगर आपको बता दें कि नए नियम के मुताबिक अब आपको 72 घंटे से पहले टिकट कैंसिल करने पर ही सिर्फ कलर्कियल चार्ज ही कटता है।
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72 घंटे से 24 घंटे के भीतर टिकट रद्द कराने का नियम
– फोटो : Adobe Stock
72 घंटे से 24 घंटे के भीतर टिकट रद्द कराने का नियम
अगर आप अपनी यात्रा के समय से 72 घंटे से लेकर 24 घंटे पहले के बीच अपना कन्फर्म टिकट कैंसिल कराते हैं, तो रेलवे का पेनल्टी नियम बदल जाता है। इस समय सीमा के भीतर टिकट रद्द करने पर आपके कुल किराए का 25 प्रतिशत (25%) हिस्सा काट लिया जाता है। हालांकि, यह ध्यान रखें कि यह 25% कटौती आपके क्लास के न्यूनतम फ्लैट चार्ज (जैसे स्लीपर के लिए 120 रुपये) से कम नहीं होनी चाहिए।
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24 घंटे से 8 घंटे पहले टिकट कैंसिल करने पर 50% नुकसान
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24 घंटे से 8 घंटे पहले टिकट कैंसिल करने पर 50% नुकसान
जैसे-जैसे ट्रेन छूटने का समय नजदीक आता है, रेलवे की कैंसिलेशन पेनल्टी काफी ज्यादा बढ़ जाती है। नियमों के अनुसार, अगर आप ट्रेन रवाना होने से 24 घंटे से लेकर 8 घंटे पहले के बीच अपना टिकट कैंसिल करते हैं, तो आपको कुल रेल किराए का आधा यानी 50 प्रतिशत (50%) नुकसान उठाना पड़ेगा। सरकार द्वारा यह सख्त नियम इसलिए बनाया गया है ताकि अंतिम समय में सीटों की जमाखोरी को रोका जा सके।
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ट्रेन छूटने से 8 घंटे से कम समय बचने पर शून्य रिफंड
– फोटो : AdobeStock
ट्रेन छूटने से 8 घंटे से कम समय बचने पर शून्य रिफंड
रेलवे के नए अपडेटेड नियमों के तहत, अगर ट्रेन छूटने में 8 घंटे से भी कम का समय बचा है और आप अपना कन्फर्म ई-टिकट या काउंटर टिकट कैंसिल करते हैं, तो आपको एक भी रुपया वापस नहीं मिलेगा। इसलिए आखिरी समय की भारी कटौती से बचने के लिए समय रहते फैसला लें। इसके अलावा, अगर आपका टिकट चार्ट बनने तक पूरी तरह वेटिंग में रहता है, तो 60 रुपये+GST का क्लैरिकल चार्ज काटकर बाकी पूरी रकम आपको रिफंड कर दिया जाता है।