
हाईकोर्ट में दायर याचिका मुताबिक, महिला का विवाह 6 मई 2013 को हुआ और 11 अक्टूबर 2015 को पुत्र का जन्म हुआ। वर्ष 2024 में पत्नी ने दहेज प्रताड़ना, मारपीट, आर्थिक शोषण के आरोप लगाते हुए भरण-पोषण को निचली अदालत में आवेदन लगाया। पत्नी का दावा था कि उसका पति एमटेक और एमबीए है। निजी कंपनी में डीजीएम है। उसने पति की आय व संपत्ति का हवाला देते हुए स्वयं और बच्चे के लिए तीन लाख रुपए प्रति माह भरण-पोषण की मांग की थी।
Source link
#पतन #और #नबलग #बट #क #दन #हग #हजर #गजर #भतत #इदर #हइकरट #क #बड #फसल #Indore #High #Court #Major #Ruling #Maintenance #Paid #Wife #Minor #Son


